धनबाद। पेरिस ओलंपिक 2024 के महिला फ्री स्टाइल 50 किलो ग्राम सेमीफाइनल में भारतीय पहलवान विनेश फोगाट ने क्यूबा की युस्नेलिस गुजमैन लोपेज को 5-0 से हराया था। इसके साथ ही वह फाइनल में पहुंच गई थीं और देश के लिए 1 मेडल पक्का कर दिया था। हालांकि, अब एक डराने वाली खबर सामने आई है। विनेश फोगाट के मेडल पर संकट गहरा गया है। विनेश पहली बार 50 किग्रा में चुनौती पेश कर रही थीं। इससे पहले भारतीय पहलवान 53 किग्रा में खेलती थी। आज सुबह गोल्ड मेडल मुकाबले से पहले वजन के दौरान उसका वजन 100 ग्राम अधिक पाया गया है। ऐसे में वह डिस्क्वालिफाई हो गई है।
विनेश ने रात भर वजन घटाने की कोशिश की
सूत्रों से जानकारी मिली है कि मंगलवार रात को ही विनेश और उनके कोच को इस बात का पता चल गया था। जिसके बाद वह पूरी रात नहीं सोई और वजन को तय कैटेगरी में लाने के लिए हरसंभव कोशिश की। जिसमें जॉगिंग, स्किपिंग और साइकिलिंग शामिल है।
हालांकि यह पर्याप्त साबित नहीं हुआ। भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने मांग की थी कि विनेश को थोड़ा और समय दिया जाए, लेकिन उनकी मांग नहीं सुनी गई। विनेश पहले 53kg भार वर्ग में लड़ती थी। यह पहली बार है कि वह 50 kg में मुकाबला लड़ रही हैं।
विनेश का बुधवार रात को करीब 10 बजे गोल्ड मेडल के लिए अमेरिका की रेसलर सारा एन हिल्डरब्रांट से फाइनल मुकाबला होना था
विनेश के बाहर होने पर IOA ने क्या कहा...
इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन (IOA) ने कहा कि भारतीय पहलवान विनेश फोगट को अधिक वजन के कारण महिला कुश्ती 50 किलोग्राम से अयोग्य घोषित कर दिया गया। यह खेदजनक है कि भारतीय दल विनेश फोगाट को महिला कुश्ती 50 किग्रा वर्ग से अयोग्य घोषित करने की खबर बता रहे हैं।
रात भर टीम द्वारा किए गए बेहतरीन प्रयासों के बावजूद, आज सुबह उनका वजन 50 किग्रा से कुछ ग्राम अधिक पाया गया। उनके द्वारा द्वारा इस समय कोई और टिप्पणी नहीं की जाएगी। भारतीय दल आपसे विनेश की निजता का सम्मान करने का अनुरोध करता है। वह आने वाली प्रतियोगिताओं पर ध्यान केंद्रित करना चाहेगा।
विनेश की जीत पर परिजनों ने क्या कहा था-
दंगल फेम द्रोणाचार्य अवार्डी महावीर फोगाट ने कहा- विनेश ने फाइनल में पहुंचकर मेरी 24 साल की ओलिंपिक गोल्ड जीतने की इच्छा पूरी की। मैं उसे लेने खुद एयरपोर्ट जाऊंगा।
विनेश के ससुर राजपाल राठी ने कहा- बहू गोल्ड मेडल जरूर जीतेगी। रविवार को विनेश से बात हुई। उसने कहा था कि वह गोल्ड मेडल जीतने के लिए अपना जी-जान लगा देगी।
पति सोमबीर राठी बोले- डेढ़ साल में बहुत ऐसे मौके आए, जब लगा कि अब कुश्ती नहीं हो पाएगी। मगर, विनेश ने हार नहीं मानी। वेट घटा फाइनल तक पहुंचना, सचमुच यह विनेश ही कर सकती है।


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